उर्वरक वितरण में अनियमितताओं पर जिला कृषि पदाधिकारी का कड़ा आदेश
यूरिया खाद खरीदते समय किसान पंजिकरण या जमीन की रसीद देना अनिवार्य
गरीब दर्शन / मोतिहारी –
विभिन्न प्रखंडों में उर्वरक वितरण के दौरान बढ़ती अनियमितताओं को देखते हुए जिला कृषि पदाधिकारी, पूर्वी चम्पारण ने सभी खुदरा उर्वरक विक्रेताओं को सख्त निदेश दिया है। आदेश के अनुसार, अब उर्वरक की बिक्री केवल पंजीकृत किसानों को ही होगी, और बिक्री से पहले किसान पंजीकरण या जमीन का राजस्व रसीद अनिवार्य रूप से प्राप्त करना होगा। जिला कृषि पदाधिकारी ने बताया कि हाल ही में किसानों से यह शिकायतें प्राप्त हुई हैं कि कतार में अवांछित व्यक्ति और महिलायें उर्वरक खरीदकर उसे अन्य किसानों को महंगे दाम पर बेच रहे हैं। इससे वास्तविक किसानों को उर्वरक उपलब्ध कराने में कठिनाई हो रही है। अतः यह निर्देश तत्काल प्रभाव से लागू होगा और बिना पंजीकरण या राजस्व रसीद के किसी को उर्वरक नहीं बेचा जाएगा। इस आदेश की प्रति सभी खुदरा और थोक उर्वरक विक्रेताओं, प्रखंड कृषि पदाधिकारियों, कृषि समन्वयक, तकनीकी प्रबंधक और किसान सलाहकारों को सूचनार्थ और अनुपालन के लिए भेजी गई है। इसके अलावा जिलाधिकारी, संयुक्त निदेशक (शस्य) तिरहुत प्रमंडल और कृषि निदेशक बिहार को भी सादर सूचनार्थ भेजा गया है। जिला कृषि पदाधिकारी ने किसानों से अपील की है कि वे केवल पंजीकृत विक्रेताओं से ही उर्वरक खरीदें और किसी भी अनियमितता की सूचना तुरंत संबंधित अधिकारियों को दें।


