पंजाब विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच कांग्रेस में अंदरूनी कलह
गरीब दर्शन / नई दिल्ली :
पंजाब विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच कांग्रेस में अंदरूनी कलह ने फिर सर उठाया। पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने शुक्रवार को राहुल गांधी से मुलाकात कर अपना औपचारिक इस्तीफा सौंप दिया। वडिंग ने चार साल से अधिक समय तक प्रदेश इकाई की कमान संभाली थी। पार्टी में लंबे समय से चल रही गुटबाजी के कारण यह कदम उठाया गया। पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के समर्थक पिछले कई महीनों से वडिंग के हटाने की मांग कर रहे थे। जुलाई में हाईकमान ने वडिंग को बरकरार रखते हुए चन्नी को कैंपेन कमेटी का अध्यक्ष बनाया था, लेकिन मतभेद नहीं मिटे। सितंबर में भूपेश बघेल की जगह सचिन पायलट को पंजाब प्रभारी नियुक्त किया गया। पायलट की संगठनात्मक रिपोर्ट के बाद हाईकमान ने नेतृत्व बदलाव का फैसला लिया। वडिंग ने मीडिया से कहा कि उन्होंने राहुल गांधी को चुनौतियों और ताकत के बारे में जानकारी दी। उन्होंने संकेत दिया कि नए प्रभारी सचिन पायलट उनकी छुट्टी चाहते थे। नए अध्यक्ष के लिए विजय इंदर सिंगला का नाम सबसे आगे चल रहा है। पार्टी जल्द ही उत्तराधिकारी का ऐलान कर सकती है। 2027 के चुनाव से पहले कांग्रेस इकाई को एकजुट करने की कोशिश तेज हो गई है। यह इस्तीफा पंजाब कांग्रेस की गुटबाजी की पुरानी कहानी को फिर दोहराता है।

